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Sunday, September 16, 2012

Pardon the Gaffe Again - XIV - A Fixed Match Being Played By Congress, BJP and Baba Ramdev?   Posted on Sep 16, 2012    Comments ()

Are the BJP, the Congress and personalities like Baba Ramdev playing a game to mislead the Indian public?

 

At least that is my impression.

 

A few days ago, a set of questions were handed over to Baba Ramdev.

 

Most of them were sent to Prakash Javdekar of the BJP too.

 

Here they are in the original:

 

सोनियाजी!

आप ने अपने इस देश के सपूत

व इंदिरा जी के सुपुत्र

और आपके पति राजीव गांधी की ह्त्या करवाई है

उसके सब्तूत के तौर पर

हम निम्न लिखित प्रश्न पूछ रहे हैं

1. क्या यह सच नहीं कि आप राजीवजी से १९६५ में केम्ब्रिज्में पाकिस्तान के खुफिया एजंट सलमान तासीर द्वारा चलायी जाने वाली होटल में उन्हीं के सौजन्य से पहली बार मिली थी?

2. क्या यह सच नहीं कि इस खबर का खुलासा 2010में होने के कुछ ही हफ्तोंमें तासीर - जो पैकिस्तान पीपल्ज पार्टी के नेता और पश्चिम पंजाब के राज्यपाल थे ...उनकी भी ह्त्या 2011 January में कर दी गयी थी ... ठीक उसी तरह जैसे इंदिराजी के ह्त्या हुयी थी?

3. क्या यह सच नहीं कि आप के परिवार को सोवियत संघ के माध्यम से पैसे मिलते रहे ... और इन खबरोंको - सबूत के साथ विलायत में साबित किया गया था?

सबूत - यह रहे

Audit report CPSU/CC resolution No 11187/22 OP dated 10/12/1984.

Resolution reference number CPSU/CC/No 11228/3 dated 20 December 1985

Endorsed by the USSR Council of Ministers in Directive No 2633/Rs dated 20 December 1985 cleared payments made to Sonia Gandhi’s family from 1971 onwards.

4. क्या यह सच नहीं कि राजीव की ह्त्या के एक साल बाद ...जब इन सबूतों को लेकर सोवियत संघ के वरिष्ट जासूस विक्टर चेब्रिकोव पाश्चिक देशोंमें शरण पाने पर पेश किया था और रूसी सरकार ने इन खाब्रोंको लिखित रूप से 1992 में सार्वजनिक तरीकेसे सच माना था?

5. क्या यह सच नहीं कि उस लिहाज़ से ... आप सोवियत संघ और पाकिस्तान की खुफिया एजंसी आई एस आई की एजंट साबित होती हैं?

6. क्या यह सच नहीं कि बोफर्स कम्पनी से तोप खरीदे जानेपर जो कमीशन लेने के इलज़ाम लगे थे ... वाकई में वोह कमीशन आप ने लिए थे और इसी वजह से आप ने क्वात्रोकी को साफ़ बचकर जाने के लिए वोह सारी सहूलियतें करवाकर दी जिनके कारण उनपर सारे इलज़ाम भारत में साबित होने के बावजूद वोह अब तक विलायत में महफूज़ हैं?

7. क्या यह सच नहीं कि इन खबरोंको सोवियत संघने, राजीव गांधी को राजनीति के तौर पर नुक्सान पहुंचाने के लिए ही, अखबारों तक सबूतोंके साथ पहुंचाकर १९८९ के चुनावोंमें कांग्रेस की हार को दुर्निश्चित किया था?

8. क्या यह सच नहीं कि संजय गांधी जिन्हें इंदिराजी का उत्तराधिकारी माना जाता था ... उन्हें अविश्वसनीय तरीके से ... १९८० में ... वोह भी जनता पार्टी सरकारका धोबी पछाड़ करने के पश्चात ... संदेह जनक हवाई जहाज दुर्घटना द्वारा रास्ते से पहले इसलिए हटाया गया ताकि इंदिराजी के घरमें यह कभी ज़ाहिर न हो कि पाकिस्तान के आय एस आय के एजंट सलमान तासीर के लिए आप काम करती थी और अब रिश्वतखोर आसिफ अली ज़रदारी के लिए काम करती हैं?

9. क्या यह सच नहीं कि संजय गांधी के पत्नी मेनका जी जो जन्मसे सरदारनी हैं...

वोह उस सरदार कुल में जन्मी थी जिस सरदार कुलके दसवें गुरु - गोबिंद सिंह जी ने यह कसम खाई थी की हर सरदार अखंड भारत के रक्षा करने के लिए अगर बार बार शहीद होना पड़े तो हो जायेंगे ... और १९४७ के बाद ... पाकिस्तान से जितनी भी बार जंग हुए... उन सारे जंगों में बड़े पैमानेपर अपनी जान न्योछावर करके सिखोंने वोह वादा निभाया... उस सरदार कुल के प्रतीक स्वरूप उस कुल वधू मेनका जी को - उनके सुपुत्र वरुण सहित भारत का पहला खानदान कहलाने वालोंके घरसे पाकिस्तान और सोवियत संघ की साज़िश के तहत आपही ने निकाल बाहर किया था?

10. क्या यह सच नहीं कि वोह षड़यंत्र सिर्फ इस बात के लिए रचा गया ताकि पहले राजीव को प्रधान मंत्री बनाकर -संजय और इंदिराजी की ही भाँती - आपके रास्ते से - उनका भी खून करके हटाकर - आप को- ताज पोशी के बिना - भारत के महारानी घोषित करने के लिए ही ... कांग्रेस को चुनाव जितानेके बहाने .... आप को गद्दीपर बिराजने वालोंको कठपुतलियों की तरह नचाकर भारत के टुकड़े टुकड़े करने के लिए ही ...आपक को कांग्रेस पार्टी सौंपने का साज़िश पाकिस्तान में रचा था?

11. क्या यह सच नहीं कि फकत इसी लिए भारत से तीन बार - १९४७, १९६५ और १९७१ में बुरी तरह पाकिस्तान हारने के बाद... आइन्दा अगर जंग हो ... तो उसमें भारतको हारने के लिए ... सिखोंमें अलगाव वाद के बीज बोकर ... इंदिराजी का खून उन्हीं के सिख पहरेदारोंसे पाकिस्तान ने आपके माध्यम से करवाया ... और उस क़त्ल का बहाना बनाकर १९८४ में बड़े पैमानेपर दिल्ली की सड्कोंपर सिखोंका बेरहमी सेशिकार किया गया था?

12. क्या यह सच नहीं कि इन सारी बातोंको हमेशा के लिए दफन करने के लिए ... सिखोंके बाद ज़्यादा अन्कोंमें भारत पर शहीद होने वाले तामिल बन्धुओंको बदनाम करने के लिए ही ... तामिल अलगाव वाद गुटोंसे राजीवजी की ह्त्या करवाई गयी थी?

13. क्या यह सच नहीं सोनियाजी कि उस षड़यंत्र को छुपाने के लिए ही प्रियंका राबर्ट वाद्राको मार्च महीना २००८ में वेलूर जेल भेजकर लेट्टे गुटको खामोश रहने की इल्तेजा नलिनी श्री हरन द्वारा खुले आम करनेका संकेत दिया गया था?

14. क्या यह सच नहीं कि अख्बारोंमें यह अफवाह फैलाया गयी थी... कि प्रियंका ने अपने पिता की हत्यारन को क्षमा प्रदान करने गयी थी ... और कुछ महीने बाद - उसी प्रियंका से उन्हीं खबरोंको खारिज करवाया गया था?

15. क्या यह सच नहीं कि इसी षड़यंत्र के तहत राजीवजी के हत्यारोंको १३ सालोंसे चार राष्ट्रपरी बदलने के बावजूद ... आपने जेलमें मेह्फूस रखा है ... और उन्हें भारत के संविधान और क़ानून से खिलवाड़ करने की खुली छूट दे रखी है?

16. क्या यह सच नहीं कि इसी तरह अफजल गुरु और अजमल कसब को भारत के संविधान और क़ानून से खिलवाड़ करने दिया जा रहा है?

17. क्या यह सच नहीं कि भारतीय सेना को कमजोर बनाने आपने पूर्व सेनाध्यक्ष वी के सिंह को ज़लील किया था?

18. क्या यह सच नहीं कि उस ज़लालत का मूल कारण यह था की वोह ऐसे कई खुफिया राज़ जान गए थे और भारत की सेनाकी सचेत सतार्क्ताको बरकरार रखने …. सेनामें होनेवाली रिश्वत्खोरीको रोकने लगने पर आपने उन्हें अपमानित करवानेके लिए अन्थानीजी का इस्तेमाल किया?

19. क्या यह सच नहीं कि आपके पति राजीवजी के हत्यारोंको आपने इस लिए ज़िंदा रखा है कि आतंकवादी भारत पर बार बार प्रहार करने के जुर्रत करते जाएँ?

20. क्या यह सच नहीं कि Switzerland में १९९२ में ही यह साबित हो गया था कि आपके खातेमें कमसे कम २ बिलियन अमरीकी डालर जमा हो चुके थे? क्या यह सच नहीं कि ऐसी सच्चायीयों का खुलासान होने देने के लिए ही आपने विदेशी बैंकोंमें जमा काले धनका खुलासा नहीं होने दे रही हैं?

आपको खुली छूट है ... सोनिया जी... आप जितनी चाहें मनमानी करलें.

विपक्ष के सवालोंका जवाब देनेसे इनकार कर लीजिये!

देश के आज़ादी के लड़ाई का नेतृत्व करनेवाली कांग्रेस पार्टी को जूतों के तरह इस्तेमाल कर लीजिये

इस देश पर गैर कानूनी तरीकेसे गैरोंने हुकूमत ४०० साल किये थे - लेकिन याद रख्खें ... आखिर कार उन्हें इस देश से खदेड़ा गया

आप इस देश को अपने दोनों हाथों से लूट रही हैं .... उस लूटपाट में अपने बच्चोंको भी लगा चुकी हैं ... Congress पार्टी का गलत इस्तेमाल कर रही हैं ...

एक ईश्वर ऊपर से आपका सारा खेल देख रहे हैं....

जय हिंद भारत माता की जय

Evidence:

http://tsvhari.com/template_article.asp?id=230

http://tsvhari.com/template_article.asp?id=489

 

Initially Prakash Javadekar agreed to see me Monday 5 pm at Mahadev Road.

 

That was when I broached the subject to him.

 

And then he said thus in an email:

 

“I do not subscribe to such extremism. Need not see!”

 

Some four days back, Baba Ramdev shouted from the rooftops about a Congress I agent provocateur attempting to involve him in serious cases.

 

The above questions were personally handed over by me to his personal assistant in Haridwar.

 

The personal assistant spent over an hour poring over the files.

 

“We will keep in touch,” Dr. Jaideep Arya said.

 

He hasn’t kept in touch.

 

Now, it is touch and go with the BJP.

 

Is it all a massive game for the two main political groups in India – viz. the so-called centrist Congress-led United Progressive Alliance and the so-called right-wing Bharatiya Janata Party?

 

Else, why should Prakash Javadekar term the questions being posed to Sonia as above … with a 2 year old history … at times posed by Dr. Subramanian Swamy too … be termed extremist?


Posted by on Sep 16, 2012 in () | Comments ()


Comments

P M Ravindran said...

The dividing line between Congress and BJP is really thin. The one point I will grant to the BJP is that they can be considered to be more nationalistic/patriotic than congies!

Posted on: 9/16/2012


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